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T20I इतिहास में सबसे ज्यादा ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड जीतने वाले खिलाड़ी, जानिए कौन है नंबर वन
Authored By: Nishant Singh
Published On: Monday, February 23, 2026
Last Updated On: Monday, February 23, 2026
टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड वही खिलाड़ी जीतता है, जो पूरी सीरीज में लगातार शानदार प्रदर्शन करता है. इस लिस्ट में विराट कोहली सबसे आगे हैं, जबकि सूर्यकुमार यादव और वानिंदु हसरंगा कड़ी टक्कर देते नजर आते हैं. बाबर आजम और डेविड वॉर्नर भी अपने दमदार खेल से इस खास सूची में शामिल हैं.
Authored By: Nishant Singh
Last Updated On: Monday, February 23, 2026
T20I History: टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट को अक्सर अनिश्चितताओं का खेल कहा जाता है. यहां एक दिन आप हीरो होते हैं और अगले दिन संघर्ष करते नजर आते हैं. ऐसे फॉर्मेट में सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि पूरी सीरीज में लगातार शानदार प्रदर्शन करना बेहद मुश्किल काम है. यही वजह है कि ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड को टी20 क्रिकेट में खास सम्मान माना जाता है. यह अवॉर्ड उसी खिलाड़ी को मिलता है, जिसने पूरी सीरीज के दौरान बल्ले, गेंद या ऑलराउंड प्रदर्शन से अपनी टीम को बार-बार जीत दिलाई हो. T20I इतिहास में कुछ ऐसे खिलाड़ी रहे हैं जिन्होंने इस कसौटी पर खुद को बार-बार साबित किया है.
विराट कोहली – निरंतरता का दूसरा नाम
टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड जीतने का रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम दर्ज है. साल 2010 से 2024 के बीच खेले गए 125 टी20I मुकाबलों में वह कुल 46 सीरीज का हिस्सा रहे. इस दौरान उन्होंने 7 बार ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का खिताब अपने नाम किया. यह आंकड़ा सिर्फ उनकी प्रतिभा नहीं, बल्कि वर्षों तक बनी उनकी निरंतरता को भी दर्शाता है. कोहली का खेल दबाव में और भी निखरकर सामने आता था, जिससे भारत को कई अहम सीरीज में जीत मिली.
सूर्यकुमार यादव – आक्रामक अंदाज का नया चेहरा
इस लिस्ट में दूसरा नाम भारतीय टी20 टीम के मौजूदा कप्तान सूर्यकुमार यादव का है. उन्होंने बेहद कम समय में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी अलग पहचान बनाई है. साल 2021 से 2026 के बीच खेले गए 108 टी20I मैचों में वह 28 सीरीज का हिस्सा बने और 6 बार ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड जीता. 360 डिग्री शॉट्स और निडर बल्लेबाजी उनकी पहचान बन चुकी है. सूर्यकुमार का प्रदर्शन बताता है कि आधुनिक टी20 क्रिकेट में आक्रामकता कितनी अहम भूमिका निभाती है.
वानिंदु हसरंगा – गेंद और बल्ले से गेमचेंजर
श्रीलंका के स्टार ऑलराउंडर वानिंदु हसरंगा भी इस खास सूची में संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर हैं. उन्होंने 6 बार ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ का अवॉर्ड अपने नाम किया है. साल 2019 से 2026 के बीच खेले गए 95 टी20I मुकाबलों में हसरंगा ने गेंद और बल्ले दोनों से टीम को मजबूती दी. खासकर उनकी लेग स्पिन ने बड़े-बड़े बल्लेबाजों को परेशान किया है. सीमित संसाधनों वाली श्रीलंकाई टीम के लिए हसरंगा कई बार मैच विनर साबित हुए.
बाबर आजम – तकनीक और क्लास का मेल
पाकिस्तान के पूर्व कप्तान बाबर आजम का नाम भी इस लिस्ट में शुमार है. उन्होंने 2016 से 2026 के बीच खेले गए 143 टी20I मैचों में 41 सीरीज में हिस्सा लिया और 5 बार ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ बने. बाबर की बल्लेबाजी में तकनीकी मजबूती और क्लास साफ नजर आती है. वह मुश्किल परिस्थितियों में टीम को संभालने का माद्दा रखते हैं, इसी वजह से उन्हें टी20 क्रिकेट के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में गिना जाता है.
डेविड वॉर्नर – ऑस्ट्रेलियाई आक्रमण की पहचान
ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी ओपनर डेविड वॉर्नर ने भी टी20I क्रिकेट में अपनी अलग छाप छोड़ी है. साल 2009 से 2024 के बीच खेले गए 110 मैचों में वह 42 सीरीज का हिस्सा बने और 5 बार ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ अवॉर्ड जीता. वॉर्नर की आक्रामक शुरुआत अक्सर ऑस्ट्रेलिया की जीत की नींव रखती थी. उनका अनुभव और आक्रामक सोच उन्हें इस फॉर्मेट का खतरनाक बल्लेबाज बनाती है.
निष्कर्ष: टी20I इतिहास के असली सितारे
टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में ‘प्लेयर ऑफ द सीरीज’ बनना सिर्फ आंकड़ों का खेल नहीं, बल्कि निरंतर प्रदर्शन, मानसिक मजबूती और मैच जिताने की क्षमता का प्रमाण है. विराट कोहली से लेकर सूर्यकुमार यादव और हसरंगा तक, इन खिलाड़ियों ने दिखाया है कि असली महानता एक मैच नहीं, पूरी सीरीज में खुद को साबित करने से आती है. यही वजह है कि T20I इतिहास में इन नामों को हमेशा याद रखा जाएगा.
















