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World Book Fair 2026: 10 से 18 जनवरी तक वर्ल्ड बुक फेयर, पहली बार एंट्री रहेगी बिल्कुल फ्री, जानें इससे जुड़ी सभी जानकारी
Authored By: Ranjan Gupta
Published On: Friday, January 9, 2026
Last Updated On: Friday, January 9, 2026
World Book Fair 2026 का आयोजन 10 से 18 जनवरी तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में होने जा रहा है. इस बार मेले की सबसे बड़ी खासियत यह है कि एंट्री पूरी तरह मुफ्त रहेगी. 35 से ज्यादा देशों के 1000 से अधिक प्रकाशक, 3000 बुक स्टॉल, 600 से ज्यादा कार्यक्रम और करीब 20 लाख लोगों की मौजूदगी के अनुमान के साथ यह आयोजन खास बनने जा रहा है.
Authored By: Ranjan Gupta
Last Updated On: Friday, January 9, 2026
World Book Fair 2026: किताबों से प्यार करने वालों के लिए साल 2026 की शुरुआत बेहद खास होने वाली है. 10 जनवरी से नई दिल्ली के भारत मंडपम में World Book Fair 2026 का आगाज होने जा रहा है, जो लगातार 18 जनवरी तक चलेगा. इस बार विश्व पुस्तक मेले का 53वां संस्करण कई मायनों में ऐतिहासिक रहेगा, क्योंकि पहली बार इसमें एंट्री पूरी तरह मुफ्त रखी गई है. देश-विदेश के नामचीन प्रकाशक, लेखक, वक्ता और लाखों पाठकों की मौजूदगी के बीच यह मेला ज्ञान, संस्कृति और साहित्य का भव्य संगम बनेगा. 3000 से ज्यादा बुक स्टॉल, 35 से अधिक देशों की भागीदारी, कतर गेस्ट ऑफ ऑनर कंट्री और स्पेन फोकस कंट्री के साथ यह आयोजन किताबों की दुनिया में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है.
कब और कहां आयोजित हो रहा है विश्व पुस्तक मेला
विश्व पुस्तक मेला 10 जनवरी से नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित किया जाएगा. यह मेला पूरे 9 दिनों तक चलेगा. इन दिनों किताबों से जुड़ा यह सबसे बड़ा आयोजन देश-विदेश के पाठकों, लेखकों और प्रकाशकों को एक मंच पर लाएगा. यहां किताबों की दुनिया से जुड़ी हर तरह की झलक देखने को मिलेगी. नई किताबें होंगी. चर्चित किताबें भी मिलेंगी. ज्ञान और विचारों का बड़ा संगम देखने को मिलेगा.
3000 होंगे पुस्तकों के स्टॉल
इस बार विश्व पुस्तक मेले में करीब 3000 से ज्यादा बुक स्टॉल लगाए जाएंगे. मेले में दुनियाभर से लगभग 1000 प्रकाशकों को आमंत्रित किया गया है. इन स्टॉलों पर देश और विदेश की मशहूर किताबें उपलब्ध होंगी. कहानी, उपन्यास, इतिहास, धर्म, शिक्षा और बच्चों की किताबों का बड़ा संग्रह देखने को मिलेगा. जिन किताबों की बाजार में सबसे ज्यादा मांग रहती है, वे भी यहां आसानी से मिलेंगी. प्रकाशकों ने इसके लिए पूरी तैयारी की है.
35 से अधिक देशों के प्रकाशक होंगे शामिल
वर्ल्ड बुक फेयर का यह 53वां संस्करण होगा. इसका आयोजन 10 से 18 जनवरी तक भारत मंडपम में किया जाएगा. इस बार मेले में 35 से ज्यादा देशों के 1000 से अधिक प्रकाशक हिस्सा लेंगे. कतर को गेस्ट ऑफ ऑनर कंट्री बनाया गया है. वहीं स्पेन फोकस कंट्री रहेगा. इसके अलावा रूस, जापान, फ्रांस, पोलैंड, ईरान, कजाकिस्तान, हंगरी, चिली जैसे कई देश भी शामिल होंगे. खास बात यह है कि पहली बार दुनिया के 10 बड़े अंतरराष्ट्रीय पुस्तक मेलों के निदेशक भी यहां पहुंचेंगे. 9 दिनों में 600 से ज्यादा कार्यक्रम होंगे. 1000 से अधिक वक्ता अपने विचार साझा करेंगे.
20 लाख लोगों के आने की उम्मीद
कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में एनबीटी के डायरेक्टर युवराज मलिक ने जानकारी दी. उन्होंने बताया कि इस बार 3000 से ज्यादा बुक स्टॉल लगाए जाएंगे. 35 से अधिक देशों के 1000 से ज्यादा प्रकाशक भाग लेंगे. मेले के दौरान 600 से अधिक कार्यक्रम आयोजित होंगे. इनमें लेखक, वक्ता और विशेषज्ञ अलग-अलग विषयों पर चर्चा करेंगे. अनुमान है कि करीब 20 लाख से ज्यादा लोग इस मेले में शामिल होंगे.
कतर की संस्कृति और हैंडीक्राफ्ट होंगे आकर्षण
इस बार कतर गेस्ट ऑफ ऑनर कंट्री रहेगा. स्पेन फोकस कंट्री होगा. कतर पवेलियन में वहां की संस्कृति की झलक देखने को मिलेगी. हैंडीक्राफ्ट, म्यूजिक और डांस खास आकर्षण होंगे. कतर में रहने वाले भारतीय समुदाय की भूमिका को भी यहां दिखाया जाएगा. स्पेन और अन्य देशों के लेखक, प्रकाशक और सांस्कृतिक संस्थान भी मेले में सक्रिय नजर आएंगे.
एंट्री फीस को लेकर बड़ी राहत
इस बार विश्व पुस्तक मेले की सबसे बड़ी खासियत एंट्री फीस है. दरअसल, इस बार मेले में प्रवेश पूरी तरह मुफ्त रहेगा. यानी किसी भी तरह की एंट्री फीस नहीं देनी होगी. यह फैसला भारतीय पुस्तक न्यास (एनबीटी) और भारत व्यापार संवर्धन संगठन (आईटीपीओ) की सहमति से लिया गया है. इसका मकसद यही है कि हर वर्ग के लोग आसानी से मेले में आ सकें और किताबों से जुड़ सकें.
क्या है विश्व पुस्तक मेला 2026 की थीम
विश्व पुस्तक मेला 2026 की थीम इस बार खास रखी गई है. मेले की थीम थल सेना, नौसेना और वायु सेना के इतिहास पर आधारित है. इस दौरान तीनों सेनाओं से जुड़े प्रमुख अधिकारी भी मेले में पहुंचेंगे. 18 जनवरी तक चलने वाले इस आयोजन में करीब 50 वीआईपी के आने की उम्मीद है. भारतीय सेना से जुड़े कई लोग भी इसमें शिरकत करेंगे.
ऑपरेशन सिंदूर की भी दिखेगी झलक
‘शौर्य और बुद्धिमत्ता @75’ नाम से करीब 1000 वर्ग मीटर का एक विशेष क्षेत्र बनाया गया है. यह क्षेत्र भारतीय सेना, नौसेना और वायु सेना के साहस और योगदान को समर्पित होगा. यहां 1947 से लेकर ऑपरेशन सिंदूर तक के सैन्य इतिहास को दिखाया जाएगा. इसके लिए किताबें, प्रदर्शनियां, फिल्में और इंटरैक्टिव कहानियों का सहारा लिया जाएगा. साथ ही 21 परमवीर चक्र विजेताओं को श्रद्धांजलि भी दी जाएगी.
हॉल नंबर छह में बच्चों के लिए खास इंतजाम
हॉल नंबर छह में किड्स एक्सप्रेस चिल्ड्रन्स पवेलियन बनाया गया है. यहां बच्चों के लिए कहानी सुनाने के सत्र होंगे. थिएटर, क्विज़, कला और शिल्प की गतिविधियां होंगी. वैदिक गणित और पुस्तक डिजाइनिंग की वर्कशॉप भी कराई जाएंगी. बच्चों के लेखकों से बातचीत का मौका मिलेगा. एक खास क्रिएटिविटी ज़ोन भी तैयार किया गया है. नेशनल ई-लाइब्रेरी के डिजिटल कियोस्क और QR कोड के जरिए 6000 से ज्यादा मुफ्त ई-बुक्स भी उपलब्ध कराई जाएंगी.
कई दिग्गजों को भेजा गया है निमंत्रण
वर्ल्ड बुक फेयर 2026 में कई नामचीन हस्तियों के शामिल होने की संभावना है. पीयूष मिश्रा, स्मृति ईरानी, हेमा मालिनी, कैलाश सत्यार्थी, राहुल भट्टाचार्य, रिक्की केज, जया किशोरी, दुर्जय दत्ता जैसे कई लेखक और वक्ता आमंत्रित किए गए हैं. शाम के समय भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना के बैंड प्रस्तुति देंगे. लोक कलाकार और अंतरराष्ट्रीय कलाकार भी सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश करेंगे.
जानिए किस हॉल में क्या रहेगा खास
भारत मंडपम में कुल 6 से अधिक हॉल में बुक फेयर आयोजित किया जाएगा. हर हॉल की अपनी अलग पहचान होगी.
- हॉल 6 – बच्चों के लिए खास रहेगा. इसे किड्ज़ एक्सप्रेस नाम दिया गया है. यहां कहानी, थिएटर, कला-कौशल, क्विज़, वैदिक गणित और रचनात्मक कार्यशालाएं होंगी. 6000 से ज्यादा मुफ्त ई-बुक्स भी उपलब्ध होंगी.
- हॉल 2 – भारतीय भाषा के प्रकाशकों और लेखकों का मंच होगा.
- हॉल 3 – भारतीय भाषा प्रकाशक और राइट्स टेबल के लिए रहेगा.
- हॉल 4 – अंतरराष्ट्रीय पवेलियन होगा.
- हॉल 5 – थीम पवेलियन और सामान्य प्रकाशकों के लिए होगा.
- एम्फीथिएटर – यहां सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे.
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