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ChatGPT की सलाह पर महिला ने बंद की मिर्गी की दवा, मौत के बाद OpenAI पर मुकदमा
Authored By: Galgotias Times Bureau
Published On: Friday, October 30, 2026
Last Updated On: Friday, October 30, 2026
स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के लिए चैटजीपीटी का इस्तेमाल उपयोगी हो सकता है, लेकिन इस पर आंख मूंदकर भरोसा करना खतरनाक है. कुछ ऐसी जी स्थिति सबसे विकसित देश अमेरिका में हुई जहां गफलत और एआई पर भरोसे के कारण एक महिला की जान चली गई.
Authored By: Galgotias Times Bureau
Last Updated On: Friday, October 30, 2026
अमेरिका में मिर्गी की दवा बंद करने की चैटजीपीटी की कथित सलाह के बाद 31 वर्षीय महिला की मौत का मामला सामने आया है. महिला के माता-पिता ने ओपनएआई और कंपनी के सीईओ सैम ऑल्टमैन के खिलाफ मुकदमा दायर कर आरोप लगाया है कि चैटबॉट ने उनकी बेटी को दवा की खुराक घटाकर बंद करने का शेड्यूल दिया और डॉक्टरों से यह बात छिपाने की सलाह भी दी.
सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं महिला
सिएटल निवासी बोवेन वान अमेजन में सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं. वह मिर्गी के दौरों को नियंत्रित करने के लिए लैमोट्रिजिन दवा लेती थीं. उन्होंने जनवरी 2026 में चैटजीपीटी से रोजाना 400 मिलीग्राम दवा की खुराक घटाने के बारे में पूछा. आरोप है कि चैटबॉट ने ऐसा शेड्यूल बनाया, जिसके तहत करीब 25 दिनों में दवा की खुराक शून्य की जानी थी.
फरवरी में अपार्टमेंट में मृत मिलीं
बोवेन फरवरी 2026 में अपने अपार्टमेंट में मृत पाई गई थीं. खून में लैमोट्रिजिन का स्तर सामान्य सीमा के निचले स्तर से करीब 5 गुना कम मिला. मौत का कारण मिर्गी से जुड़ी अचानक मृत्यु बताया गया. ओपनएआई ने घटना पर दुख जताते हुए कहा कि यह मामला पुराने जीपीटी-4ओ मॉडल से जुड़ा है, जिसे 13 फरवरी को हटा दिया गया था. कंपनी का कहना है कि नए मॉडल ऐसी स्थितियों को बेहतर पहचान सकते हैं, जिनमें तत्काल मदद की जरूरत होती है.
परिवार का आरोप है कि दवा की खुराक घटाने के दौरान बोवेन को भ्रम, समय का ध्यान न रहना और मिर्गी जैसे लक्षण महसूस हुए. इस पर चैटजीपीटी ने मानसिक रूप से खुद को संतुलित करने की प्रक्रिया बताकर उनकी चिंता कम की. परिवार का यह भी आरोप है कि चैटजीपीटी ने बोवेन को डॉक्टरों से दवा घटाने की योजना छिपाने की सलाह दी. ऐसे में डॉक्टर न तो दवा के स्तर की जांच कर पाए और न ही इलाज के लिए उचित कदम उठा सके.
एआई नहीं डॉक्टरों पर रखें भरोसा
दरअसल, यह बीमारियों के लक्षण, दवाओं के सामान्य प्रभाव, मेडिकल रिपोर्ट और उपचार संबंधी जानकारियां समझने में मदद कर सकता है. हालांकि, यह डॉक्टर का विकल्प नहीं है. इसकी सलाह में तथ्यात्मक गलतियां, अधूरी जानकारी या संदर्भ से बाहर सुझाव हो सकते हैं. खासकर दवा की खुराक घटाने-बढ़ाने, दवा बंद करने या इलाज बदलने का फैसला इसके कहने पर कभी नहीं करना चाहिए. स्वास्थ्य के मामले में चैटजीपीटी को सहायक मानें, अंतिम निर्णयकर्ता नहीं.
गंभीर स्वास्थ्य जोखिम का खतरा
चैटजीपीटी चिकित्सकीय जांच या व्यक्तिगत स्थिति को नहीं समझ सकता, इसलिए इसकी सलाह पर गलत दवा या इलाज से गंभीर स्वास्थ्य जोखिम हो सकता है. एआई की जानकारी को सिर्फ सामान्य संदर्भ मानें और किसी भी लक्षण या रोग के सही निदान और इलाज के लिए हमेशा योग्य डॉक्टर से ही परामर्श लें.
Written By: Rajiv Mandal
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