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इजरायल की तरह भारत भी हजार लोगों पर एक स्टार्टअप का लक्ष्य रखे : पीयूष गोयल
Authored By: अंशु सिंह
Published On: Friday, December 6, 2024
Last Updated On: Friday, December 6, 2024
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत को प्रति एक हजार लोगों पर एक स्टार्टअप का लक्ष्य रखना चाहिए, जो कि नवाचार को बढ़ावा देने में इजरायल की सफलता से प्रेरणा लेता है। वाणिज्य मंत्री ने उद्योग जगत से बैंक ऋण प्राप्त करने में आ रही समस्याओं के बारे में जानकारी साझा करने का भी आग्रह किया।
Authored By: अंशु सिंह
Last Updated On: Friday, December 6, 2024
केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल (Piyush Goyal) ने नई दिल्ली में भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग मंडल (एसोचैम) द्वारा आयोजित ‘भारत@100 शिखर सम्मेलन’ को संबोधित करते हुए कहा कि छोटा देश होने के बावजूद इजरायल ने नवाचार को प्राथमिकता दी है। इसके परिणामस्वरूप वहां हर 1,000 लोगों पर एक स्टार्टअप है। उन्होंने कहा कि युवाओं में उद्यमशीलता को प्रोत्साहित करके भारत को इनोवेशन हब के रूप में परिवर्तित किया जा सकता है। वाणिज्य मंत्री गोयल ने बताया कि कैसे इजरायल के व्यापार मंत्री को इस बात का गर्व है कि एक छोटा-सा देश होने के बावजूद वे इनोवेशन के बल पर आगे बढ़ रहे हैं।
युवाओं में उद्यमशीलता बढ़ाने पर जोर
केंद्रीय मंत्री ने सम्मेलन में इस बात पर जोर दिया कि किस तरह मोदी सरकार के व्यापार करने में आसानी और जीवन जीने में आसानी बढ़ाने, नवाचार तथा उद्यमिता को बढ़ावा देने के प्रयासों के साथ-साथ हमारे सांस्कृतिक लोकाचार को अपनाने और उसका लाभ उठाने की पहल से वर्ष 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी। उन्होंने एसोचैम से आग्रह किया कि वह देश की युवा आबादी में उद्यमशीलता की भावना पैदा करने के लिए उद्यमशीलता को बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित करे। साथ ही उनकी मानसिकता को नौकरी से हटाकर नवाचार के माध्यम से चुनौतियों का समाधान करने की ओर मोड़ें।
देश में कुल 1,40,803 स्टार्टअप्स
वाणिज्य मंत्री गोयल ने कहा कि भारत में बिजनेस करने में आसानी हो, इसके लिए सरकार 1923 बॉयलर्स एक्ट की जगह नया बिल लाने की योजना पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि वे सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) के लिए वैकल्पिक वित्तपोषण मॉडल तलाशने की दिशा में भी सक्रिय हैं। वैसे, डिपार्टमेंट फॉर प्रमोशन ऑफ इंडस्ट्री एंड इंटरनेशनल ट्रेड (डीपीआइआइटी) के 30 जून 2024 के आंकड़े के अनुसार, देश में इस समय 1,40,803 रजिस्टर्ड स्टार्ट अप्स हैं। दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्ट अप हब है। स्टार्ट अप इंडिया अभियान की शुरुआत के बाद से स्टार्टअप्स ने करीब 15.53 लाख से अधिक नौकरियां पैदा की हैं। इतना ही नहीं, 67, 499 स्टार्ट अप्स में कम से कम एक महिला डायरेक्टर हैं।
(हिन्दुस्तान समाचार के इनपुट्स के साथ)














